देहरादून। उत्तराखंड को स्वास्थ्य सुरक्षा के क्षेत्र में केंद्र सरकार से बड़ी सौगात मिली है। प्रधानमंत्री आयुष्मान भारत स्वास्थ्य अवसंरचना मिशन (PM-ABHIM) के तहत हेल्थ इमरजेंसी ऑपरेशन सेंटर (HEOC) की स्थापना को मंज़ूरी मिल गई है। इस सेंटर की स्थापना से राज्य की स्वास्थ्य आपदा प्रबंधन क्षमता और अधिक मज़बूत होगी।
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👉 अभी ज्वाइन करें (Join Now)स्वास्थ्य आपदाओं से निपटने में होगा मददगार
केंद्रीय स्वास्थ्य एवं परिवार कल्याण मंत्रालय के अनुसार, HEOC का उद्देश्य आपात स्थितियों जैसे महामारी, प्राकृतिक आपदा या किसी बड़े स्वास्थ्य संकट के समय तेज़, समन्वित और प्रभावी प्रतिक्रिया सुनिश्चित करना है।
स्वास्थ्य सचिव डॉ. आर. राजेश कुमार ने बताया कि HEOC की स्थापना राज्य के लिए एक गेमचेंजर साबित होगी। उन्होंने कहा कि, “यह सेंटर स्वास्थ्य आपदाओं के दौरान समयबद्ध प्रतिक्रिया और बेहतर समन्वय सुनिश्चित करेगा, जिससे जनता को सीधे लाभ मिलेगा।”
पदों की स्वीकृति और संचालन व्यवस्था
मंत्रालय ने HEOC के संचालन के लिए कुल 9 संविदा पदों को स्वीकृति दी है। इनमें वरिष्ठ सार्वजनिक स्वास्थ्य सलाहकार, सार्वजनिक स्वास्थ्य सलाहकार, डेटा विश्लेषक, हब इंजीनियर और डेटा एंट्री ऑपरेटर शामिल हैं।
इसके लिए धनराशि परियोजना अवधि 2021–26 तक उपलब्ध कराई जाएगी। इस अवधि के बाद आगे की निरंतरता केंद्र सरकार की स्वीकृति पर निर्भर करेगी।
राज्य सरकार को निर्देश दिया गया है कि इन पदों पर नियुक्ति प्रक्रिया शीघ्र शुरू की जाए और HEOC को जल्द से जल्द क्रियाशील बनाया जाए। निधि हस्तांतरण के लिए HEOC के नाम से अलग बैंक खाता भी खोला जाएगा।
मुख्यमंत्री धामी ने जताया आभार
मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने इस पहल के लिए प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और केंद्रीय स्वास्थ्य मंत्री का आभार जताया। उन्होंने कहा, “हेल्थ इमरजेंसी ऑपरेशन सेंटर की स्थापना से उत्तराखंड की स्वास्थ्य आपदा प्रबंधन क्षमता मज़बूत होगी और आपात स्थितियों में समन्वित कार्रवाई संभव हो सकेगी।”
राष्ट्रीय स्तर पर महत्वपूर्ण पहल
देशभर में HEOCs की स्थापना भारत की सार्वजनिक स्वास्थ्य अवसंरचना और आपदा प्रतिक्रिया तंत्र को मजबूत बनाने की दिशा में एक बड़ा कदम माना जा रहा है। विशेषज्ञों का मानना है कि इससे न सिर्फ़ राज्यों में बल्कि राष्ट्रीय स्तर पर भी महामारी और आपदाओं से निपटने की तैयारी को नई दिशा मिलेगी।
