अमेरिका की अर्थव्यवस्था पर संकट के बादल गहराते जा रहे हैं। वैश्विक रेटिंग एजेंसी Moody’s ने दावा किया है कि अमेरिका मंदी के बेहद करीब है। एजेंसी की रिपोर्ट के अनुसार, अमेरिकी अर्थव्यवस्था का एक-तिहाई हिस्सा (33% GDP वाले राज्य) पहले से ही गंभीर आर्थिक दबाव में है और मंदी का खतरा लगातार बढ़ रहा है।
मूडीज़ का कहना है कि मौजूदा हालात का सीधा असर उद्योग और रोज़गार पर पड़ रहा है। रिपोर्ट में ट्रंप की नीतियों को इसकी मुख्य वजह बताया गया है। विशेषज्ञ मानते हैं कि यदि जल्द कदम नहीं उठाए गए तो यह स्थिति वैश्विक अर्थव्यवस्था को भी प्रभावित कर सकती है।
इसी बीच, Reuters की रिपोर्ट ने चिंता और बढ़ा दी है। इसमें कहा गया है कि अमेरिका का मैन्युफैक्चरिंग PMI (Purchasing Managers’ Index) गिरकर 48.7 पर आ गया है। यह आंकड़ा मंदी की चेतावनी के स्तर से नीचे है। खास बात यह है कि फैक्ट्री सेक्टर की हालत अब 2008 की महान मंदी (Great Recession) से भी खराब मानी जा रही है।
अर्थशास्त्रियों का कहना है कि इस संकट का असर निवेश, नौकरी और बाजार पर साफ दिख रहा है। अगर हालात काबू में नहीं आए तो इसका असर भारत समेत पूरी दुनिया पर पड़ सकता है।